
प्रतापगढ़। जिले में पल्स पोलियो महाअभियान का भव्य शुभारंभ रविवार को ग्राम पंचायत सेमलोपुर में कैबिनेट मंत्री हेमंत मीणा द्वारा किया गया। मंत्री मीणा ने स्वयं बच्चों को पोलियो की दवा पिलाकर अभियान की शुरुआत की और उपस्थित जनसमूह से मिलकर पोलियो उन्मूलन के प्रति जागरूकता का संदेश दिया।
शुभारंभ के दौरान मंत्री मीणा ने एक बच्चे के पिता से बातचीत करते हुए पूछा— “क्या आप हर बार पल्स पोलियो की खुराक पिलाते हो?” इस पर बच्चे के पिता ने “हाँ” कहकर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी। मंत्री ने इसे एक जागरूक नागरिक के उदाहरण के रूप में सराहा और कहा कि सभी अभिभावकों को इस प्रकार हर बार बूथ पर पहुँचकर दवा पिलाने की जिम्मेदारी निभानी चाहिए।

इस दौरान मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जीवराज मीणा अपनी टीम के साथ मौजूद रहे। उन्होंने मंत्री हेमंत मीणा को जिले में चल रहे पल्स पोलियो अभियान की विस्तृत जानकारी, बूथ व्यवस्था, मानव संसाधन, माइक्रोप्लान, लॉजिस्टिक सपोर्ट तथा दुर्गम क्षेत्रों की व्यवस्था से अवगत कराया।
मंत्री मीणा ने स्वास्थ्य विभाग की तैयारियों की सराहना करते हुए कहा कि “सरकार का लक्ष्य है कि ग्रामीण, शहरी, दूरदराज व आदिवासी क्षेत्रों में कोई भी बच्चा पोलियो दवा से वंचित न रहे। इसके लिए सभी टीमें पूरी गंभीरता से कार्य करें।
उन्होंने आमजन से अपील की कि अपने 0 से 5 वर्ष की आयु के बच्चों को हर बार बूथ पर लाकर पोलियो की खुराक अवश्य पीलाये और यदि किसी कारण से कोई बच्चा बूथ पर नहीं आ सके तो घर-घर पहुँचने वाली टीम को दवा पिलाने में सहयोग करें।
पहले दिन 70% से अधिक बूथ कवरेज
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मीणा ने बताया कि जिले में इस बार 0 से 5 वर्ष के कुल 1,53,415 बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। रिपोर्ट लिखे जाने तक 70% से अधिक बच्चों को पहले दिन बूथ पर दवा पिलाई गई
जिले में रविवार को पहले दिन कुल 1170 स्थाई बूथ संचालित किए गए, जहाँ अभिभावकों ने उत्साहपूर्वक पहुँचकर दवा पिलाई।
21 ट्रांजिट बूथ एवं 3 मोबाइल यूनिट
ट्रांजिट बूथ बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, प्रमुख चौराहे, हाट-बाज़ार तथा यात्रारत जनों के स्थानों पर जबकि मोबाइल यूनिट दुर्गम, पहाड़ी, वन एवं बिखरे हुए हिमालयीन क्षेत्रों जैसे स्थानों पर घूम-घूमकर कवरेज किया…
141 सुपरवाइजर मॉनिटरिंग में तैनात
सुबह 9 बजे से शाम 5 बजे तक प्रत्येक बूथ और टीम की कार्यप्रणाली की निगरानी के लिए 141 सुपरवाइजर नियुक्त किए गए, जिन्होंने बूथ पर पहुंच कर कवरेज की प्रगति रिपोर्ट देखी
आज घर पर पहुंचेगी स्वास्थ्य टीम
जो बच्चे बूथ पर नहीं पहुँच सके, उन्हें 24 व 25 नवम्बर को स्वास्थ्य कर्मी घर-घर जाकर दवा पिलाएंगे। इस अभियान का उद्देश्य 100% कवरेज सुनिश्चित करना है। विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा स्वतंत्र मॉनिटरिंग टीमें जिले में लगातार भ्रमण कर अभियान की गुणवत्ता, रिकॉर्ड और कवरेज किय.
Author: Kanthal Media
Pratapgarh










